गुस्ताख़

मेरे अदब से सारे फरिश्ते सहम गए, ये कैसी वारदात मेरी, शायरी में है...

Friday, May 29, 2015

दो टूकः किसानों की कब्रगाह भी है कर्नाटक

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कर्नाटक का गुलबर्गा ज़िला। छोटे से क़स्बे जाबार्गी में दो चुनावी रैलियों की अचानक याद आ गई मुझे। बीजेपी के जगदीश शेट्टार और कांग...
Tuesday, May 26, 2015

दो टूकः ताकि बहती रहे गंगा

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नरेन्द्र मोदी की सरकार के एक साल पूरे हो रहे हैं और तमाम किस्म की योजनाओं के बीच मेरी दिलचस्पी खासतौर पर गंगा की सफाई से जुड़े नमामि गंग...
Friday, May 8, 2015

दो-टूक : भूकंप का कूटनीतिक अखाड़ा

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पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर इंडियन मीडिया गो-बैक ट्रेंड कर रहा था। भीषण भूकंप के बाद जिस तरह से भारत नेपाल के पक्ष में आकर खड़ा हुआ ...
Tuesday, May 5, 2015

दो-टूकः आपदा का प्रबंधन कब सीखेंगे हम?

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अंग्रेजी में एक कहावत है,  प्रीवेंशन इज बेटर देन क्योर। आप आपदा प्रबंधन के मसले पर क्योर के बदले रिहैबिलिटेशन शब्द का आसानी से इस्तेमा...
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Friday, May 1, 2015

दो टूकः वाम से दूर अवाम

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भूमि अधिग्रहण पर तकरार के बीच वतनवापसी के बाद राहुल गांधी ने बड़े जोर का भाषण दिया। कायदे से यह भाषण किसान-मजदूरों की हिमायत करने का द...
Tuesday, April 21, 2015

दो -टूकः बंगाल में किसानी का मर्सिया

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पिछले दिनों उत्तर भारत के किसान बारिश से हलकान रहे। खेतों में खड़ी फसल बरबाद हुई...साथ ही किसान भी। कश्मीर घाटी में तो खैर बाढ़ जैसी स्थ...
Wednesday, April 15, 2015

दो टूकः जाति क्यों नहीं जाती?

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अभी 14 अप्रैल को बाबासाहब की जयंती है। सवा सौ साल हो जाएंगे एक युगप्रवर्तक को पैदा हुए। बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर को संविधान के जनक कह...
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