गुरुवार, 11 अक्टूबर 2007

क्षणिकाएं..

सुधाकर दास दूरदर्शन न्यूज़ के घुटे हुए पत्रकार हैं। गृह मंत्रालय की बीट देखने के साथ कभी कभी कविता करने की कोशिश भी करते हैं, उनकी कुछ क्षणिकाएं पेश है, हंसी लगे तो भी न लगे तब भी, प्रतिक्रिया देंगे तो कभी किसी लफड़े में पड़ने पर वो आपका गृह मंत्रालय में काम करवा देंगे, इसका वायदा वो कर रहे हैं- गुस्ताख़

पत्नी

पत्नी,
अर्थात्-
पहले नरम,
फिर तनी

1 टिप्पणी:

sushant jha ने कहा…

इस आधार पर पति का मतलब होना चाहिए-प से पराजित, ति से तिरस्कृत।